कवर्धा। कबीरधाम जिले के रानी दहरा जलप्रपात में हुए हादसे को 24 घंटे से ज्यादा का समय हो चुका है, लेकिन लापता युवा श्रीजन पाठक का अब तक कोई सुराग नहीं मिल सका, लगातार एनडीआरएफ की टीम द्वारा सर्च ऑपरेशन जारी है, लेकिन सफलता हाथ नहीं लगी है। यहां लापता युवक के परिवार वालों का रो-रोकर बुरा हाल है।
घटना के दौरान श्रीजन के साथ मौजूद मित्र सुमधुर साहू ने बताया कि दोनों झरने के ऊपरी हिस्सों में जा रहे थे, तभी अचानक पानी का बहाव तेज हो गया। श्रीजन तेज धार में बह गया और देखते ही देखते आंखों से ओझल हो गया।
नगर सेना की 17 वैश्रि्वत टीम और सेना पर विशेष दल की टीम लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है। अंदेशा सामां जा रहा है कि झरने के ऊपरी हिस्से में फाँसी हो सकती है।
एक दिन पहले एक्सप्ले से हुई थी युवक की मौत
मित्र है कि इसी तरह एक और छात्र की मौत हो गई है। मृत युवक नरेंद्र पाल, निवासी मुंगेली, अपने साथियों के साथ रानी दहरा जलप्रपात घूमने आया था, जहां वह पानी के तेज बहाव में बह गया था। उनका शव झरने से करीब तीन किलोमीटर दूर बरामद किया गया था।
बिना अनुमति प्रवेश वर्जित, सुरक्षा के सख्त निर्देश
हादसे के बाद प्रशासन ने रानी दहरा जलप्रपात क्षेत्र में बाढ़ की सुरक्षा को लेकर कड़े कदम उठाए हैं। अब बिना किसी को भी प्रवेश नहीं मिलेगा। गहरे पानी के प्रतिष्ठानों और खतरनाक स्थानों पर सेल्फी लेने पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। सूर्योदय सेवन और प्लास्टिक के उपयोग पर भी प्रतिबंध लगाया गया है।
अलग-अलग बेटों की कुशल वापसी की कर रहे दुआ
लापता युवक के पिता सुनील पाठक और स्थानीय बंधक पर ही डेट हैं। वे कॉन्स्टेंट के बेटे के कुशल से मिलकर दुआ कर रहे हैं। फैज़ का कहना है कि जब तक बेटा नहीं बनेगा, वे जलप्रपात क्षेत्र नहीं छोड़ेंगे। सैकड़ों स्थानीय लोग और पर्यटन स्थल भी युवाओं से मिलकर प्रार्थना कर रहे हैं।